RBSE Class 9th 2026 HALF-YEARLY-HINDI-901-041225 Previous Year Papers

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Paper details

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Board RBSE
Class Class 9th
Exam year 2026
Subject HALF-YEARLY-HINDI-901-041225
Resource type Previous Year Papers
Category RBSE Previous Year Question Papers
Website RBSE Solution

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RBSE Class 9th 2026 HALF-YEARLY-HINDI-901-041225

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Rajasthan Board Class 9th HALF-YEARLY-HINDI-901-041225 2026 solved Previous Year Question Papers

खण्ड – अ

निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर प्रश्नों के उत्तर दीजिए –

किया था। वृक्षों की लकड़ी से मानव अनेक प्रकार के काम लेता है। उसने लकड़ी को ईंधन के रूप में प्रयुक्त किया। इमारती लकड़ी से भवन-निर्माण, कृषि यंत्र, परिवहन, फर्नीचर आदि बनाए जाते हैं। प्रकृति से विभिन्न प्रकार के लाभों के अतिरिक्त वृक्षों का आधिक्य भी लाभदायक होता है। वृक्षों के आधिक्य से बाढ़ नियंत्रण में सहायता मिलती है। जीवनदायिनी ऑक्सीजन पेड़ों से प्राप्त होती है।

  1. (i) "पंचवटी" शब्द में समास है –

    • द्विगु समास
    • बहुब्रीहि समास
    • कर्मधारय समास
    • तत्पुरुष समास

    सही उत्तर: बहुब्रीहि समास

    स्पष्टीकरण: 'पंचवटी' शब्द में बहुब्रीहि समास है, जिसमें समस्त पद का अर्थ किसी अन्य वस्तु या व्यक्ति से संबंधित होता है। यहाँ 'पंचवटी' का अर्थ पाँच वट वृक्षों वाला स्थान है।

  2. (ii) उपयुक्त गद्यांश का उचित शीर्षक लिखिए –

    • मानव जाति
    • मानव जीवन और प्रकृति
    • प्रकृति की गोद
    • इमारती लकड़ी

    सही उत्तर: मानव जीवन और प्रकृति

    स्पष्टीकरण: गद्यांश में मानव जीवन में वृक्षों और प्रकृति के महत्व का वर्णन है, अतः यह शीर्षक सबसे उपयुक्त है।

  3. (iii) आदिकाल में मानव जीवन किस पर आधारित था?

    आदिकाल में मानव जीवन वनों और वृक्षों पर आधारित था। वह भोजन, आश्रय और ईंधन के लिए वनों पर निर्भर था।

  4. (iv) वनवास काल में राम, सीता व लक्ष्मण ने कहाँ पर निवास किया?

    वनवास काल में राम, सीता और लक्ष्मण ने पंचवटी में निवास किया था।

  5. (v) इमारती लकड़ी का क्या उपयोग है?

    इमारती लकड़ी का उपयोग भवन-निर्माण, कृषि यंत्र, परिवहन और फर्नीचर बनाने में किया जाता है।

  6. (vi) वृक्षों के आधिक्य से किस प्रकार सहायता मिलती है?

    वृक्षों के आधिक्य से बाढ़ नियंत्रण में सहायता मिलती है। वृक्ष जीवनदायिनी ऑक्सीजन भी प्रदान करते हैं।

प्रश्न: निम्नलिखित पद्यांश को पढ़कर नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए —

बादल, गरजो! की न
घेर घेर घोर गगन, आय ओ! = फ्य

* ललित ललित, काले घुँघराले, ना अत
बाल कल्पना के-से पाले,

विद्युत-छवि उर में, कवि, नवजीवन वाले!
आ छिपा, नूतन कविता

फिर भर दो -
बादल, गरजो।

रे विकल, उन्मन थे सम,
विश्व के प्रम के सकल जन आए अज्ञात दिशा से अनंत के घन!
तप्त घरा, जल से फिर
शीतल कर दो -
बादल, गरजो!

प्रश्न:

  1. (i) पद्यांश में बादल की उपमा किसे दी गई है?

    • (अ) कवि से
    • (ब) अज्ञात दिशा से
    • (स) नूतन कविता से
    • (द) बाल-कल्पना से

    व्याख्या: पद्यांश में 'बाल कल्पना के-से पाले' पंक्ति से स्पष्ट है कि बादल की उपमा बाल-कल्पना से दी गई है।

  2. (ii) घरा किस कारण तप्त बतायी गई है?

    • (अ) बादल की गर्जना से
    • (ब) अत्यधिक गर्मी के कारण
    • (स) ज्वालाग्नि के कारण
    • (द) इनमें से कोई नहीं

    व्याख्या: पद्यांश में 'तप्त घरा' का अर्थ है गर्म पृथ्वी, जो गर्मी के कारण तप्त है। यह अत्यधिक गर्मी के कारण है, लेकिन विकल्पों में 'अत्यधिक गर्मी के कारण' सही है।

  3. (iii) उपर्युक्त पद्यांश का उचित शीर्षक बताइए।

    उत्तर: 'बादल को गरजना' या 'बादल का आह्वान' उपयुक्त शीर्षक हो सकता है।

  4. (iv) 'रे विकल, उन्मन थे सम' पंक्ति में कौनसा अलंकार है?

    उत्तर: इस पंक्ति में 'अनुप्रास' अलंकार है क्योंकि 'व' और 'उ' वर्णों की आवृत्ति हुई है।

  5. (v) पद्यांश में आए शब्द 'बादल' के दो पर्यायवाची लिखो।

    उत्तर: बादल के दो पर्यायवाची शब्द हैं: मेघ, घन।

  6. (vi) 'प्रम' शब्द से क्या तात्पर्य है?

    उत्तर: 'प्रम' शब्द का तात्पर्य 'प्रेम' या 'प्राण' से है, जो जीवन या स्नेह का भाव दर्शाता है।


खण्ड - व

वस्तुनिष्ठ प्रश्न

  1. प्र1. 'धरती' का पर्यायवाची नहीं है -

    • (अ) वसुधा
    • (ब) भूमि
    • (स) अवनि
    • (द) गगन

    व्याख्या: 'गगन' आकाश का पर्यायवाची है, धरती का नहीं।

  2. प्र2. 'आग्रह' शब्द का विलोम है -

    • (अ) अनाग्रह
    • (ब) अनुरोध
    • (स) अभिहार
    • (द) अवजात

    व्याख्या: 'आग्रह' का विलोम 'अनाग्रह' है, जिसका अर्थ है बिना जिद के।

  3. प्र3. 'राम फल खाता है' वाक्य में उद्देश्य है -

    • (अ) राम
    • (ब) फल
    • (स) खाता
    • (द) है

    व्याख्या: वाक्य में 'राम' उद्देश्य है क्योंकि यह कर्ता है जिसके बारे में कुछ कहा जा रहा है।

  4. प्र4. रिक्त स्थानों की पूर्ति करो —

    1. भाई-बहन सगे भाई-बहन होते हैं।

      उत्तर: सगे

    2. सार्वनामिक विशेषण ——— विशेषण भी कहलाते हैं।

      उत्तर: सर्वनामिक

    3. लोचन, चक्षु शब्द ——— के पर्यायवाची हैं।

      उत्तर: आँख

अति लघूत्तरात्मक प्रश्न

  1. रचना की दृष्टि से वाक्य के कितने भेद होते हैं?

    रचना की दृष्टि से वाक्य के तीन भेद होते हैं: सरल वाक्य, संयुक्त वाक्य, और मिश्र वाक्य।
  2. पिता की परिभाषा लिखो।

    पिता वह पुरुष होता है जो संतान को जन्म देता है और उसका पालन-पोषण करता है। वह परिवार का मुखिया होता है और बच्चों का मार्गदर्शक होता है।
  3. 'पर निंदा पर भारी' मुहावरे का अर्थ व वाक्य में प्रयोग कीजिए।

    अर्थ: दूसरों की बुराई करना बहुत बुरा काम है।
    वाक्य प्रयोग: हमें कभी भी किसी की निंदा नहीं करनी चाहिए क्योंकि 'पर निंदा पर भारी' होती है।
  4. मृत्यु का तरल दूत किसे कहा गया है?

    मृत्यु का तरल दूत 'विष' को कहा गया है।
  5. 'संग की औरतें' शीर्षक कहानी में लेखिका ने सर्वप्रथम किसकी चर्चा प्रस्तुत की है?

    लेखिका ने सर्वप्रथम अपनी नानी की चर्चा प्रस्तुत की है।
  6. 'इस जल प्रलय में' शीर्षक पाठ के लेखक कौन है?

    'इस जल प्रलय में' शीर्षक पाठ के लेखक 'फणीश्वरनाथ रेणु' हैं।

लघूत्तरात्मक प्रश्न

  1. बिल्ली को दूध के प्रति प्रेम क्यों उमड़ आया?

    बिल्ली को दूध के प्रति प्रेम इसलिए उमड़ आया क्योंकि दूध उसका प्रिय भोजन है और वह उसे बहुत पसंद करती है।
  2. प्रस्तुत यात्रा-वृत्तांत (गाँव की ओर) के आधार पर बताइए कि उस समय का ग्रामीण समाज कैसा था?

    उस समय का ग्रामीण समाज सादा जीवन जीने वाला, परिश्रमी, और एक-दूसरे के सुख-दुख में सहभागी था। लोग आपस में मिल-जुलकर रहते थे और पारंपरिक रीति-रिवाजों का पालन करते थे।
  3. उपभोक्ता संस्कृति में सबसे बड़ा खतरा क्या है?

    उपभोक्ता संस्कृति में सबसे बड़ा खतरा यह है कि लोग भौतिक सुखों के पीछे भागते हुए अपनी पारंपरिक मूल्यों और संस्कृति को भूलते जा रहे हैं।
  4. लेखक ने भारत के किस प्रधानमंत्री को देश की मिट्टी से जुड़ा हुआ माना है और क्यों?

    लेखक ने पंडित जवाहरलाल नेहरू को देश की मिट्टी से जुड़ा हुआ माना है क्योंकि वे भारतीय संस्कृति और परंपराओं से गहराई से जुड़े हुए थे और उन्होंने देश की एकता और अखंडता के लिए कार्य किया।
  5. हीरा और मोती के स्वभाव में क्या अंतर दिखाई देता है? कहानी के आधार पर बताइए।

    हीरा का स्वभाव उग्र और आक्रामक था जबकि मोती का स्वभाव शांत और सौम्य था। हीरा जल्दी क्रोधित हो जाता था जबकि मोती धैर्यवान था।
  6. मानसरोवर किस प्रकार के जल से युक्त है?

    मानसरोवर स्वच्छ और निर्मल जल से युक्त है।
  7. कवयित्री का 'घर जाने की चाह' से क्या तात्पर्य है?

    कवयित्री का 'घर जाने की चाह' से तात्पर्य अपने मूल स्थान या अपनी जड़ों की ओर लौटने की इच्छा से है।
  8. रसखान का ब्रज के बन, बाग और तालाब को निहारने के पीछे क्या कारण है?

    रसखान का ब्रज के बन, बाग और तालाब को निहारने के पीछे कारण यह है कि वे कृष्ण की लीलाओं से जुड़े स्थान हैं और उन्हें देखकर उन्हें कृष्ण की याद आती है।
  9. किस शासन की तुलना कवि ने किससे की है और क्यों?

    कवि ने अच्छे शासन की तुलना वर्षा ऋतु से की है क्योंकि जैसे वर्षा से धरती हरी-भरी हो जाती है, वैसे ही अच्छे शासन से प्रजा सुखी और समृद्ध होती है।
  10. कविता 'ग्राम श्री' में किस मौसम के सौन्दर्य का वर्णन है?

    कविता 'ग्राम श्री' में वसंत ऋतु के सौन्दर्य का वर्णन है।
  11. लेखिका की नानी की आजादी के आन्दोलन में किस प्रकार की भागीदारी रही?

    लेखिका की नानी ने आजादी के आन्दोलन में सक्रिय भागीदारी निभाई। वे जुलूसों में शामिल होती थीं, प्रचार-प्रसार करती थीं, और अंग्रेजों के खिलाफ आवाज उठाती थीं।

निबन्धात्मक प्रश्न

  1. "शिक्षा बच्चों का जन्म सिद्ध अधिकार है" - इस दिशा में लेखिका के प्रयासों का उल्लेख कीजिए।

    लेखिका ने शिक्षा को बच्चों का जन्म सिद्ध अधिकार मानते हुए इस दिशा में कई प्रयास किए। उन्होंने गरीब और वंचित बच्चों को शिक्षित करने के लिए स्कूल खोले, छात्रवृत्तियाँ प्रदान कीं, और अभिभावकों को शिक्षा के महत्व के बारे में जागरूक किया। उनका मानना था कि हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलनी चाहिए चाहे उनकी आर्थिक स्थिति कैसी भी हो।
  2. सोयले सपनों की याद से क्या प्रेरणा मिलती है?

    सोयले सपनों की याद से यह प्रेरणा मिलती है कि हमें अपने बचपन के सपनों और आकांक्षाओं को कभी नहीं भूलना चाहिए। ये सपने हमें आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं और हमारे जीवन की दिशा तय करने में मदद करते हैं।

अथवा

  1. उपभोक्तावादी संस्कृति हमारे रीति-रिवाजों एवं परंपराओं को किस प्रकार प्रभावित करती है? अनुभव के आधार पर अनुच्छेद लिखिए।

    उपभोक्तावादी संस्कृति हमारे रीति-रिवाजों और परंपराओं को गहराई से प्रभावित कर रही है। आज लोग पारंपरिक त्योहारों को भी भौतिकवादी दृष्टिकोण से मनाने लगे हैं। पहले त्योहारों में सादगी और आपसी मेल-जोल होता था, लेकिन अब दिखावा और खर्चीली चीजों पर जोर दिया जाता है। हमारे पारंपरिक रीति-रिवाज जैसे सामूहिक भोज, आपसी सहयोग, और सादगी धीरे-धीरे खत्म होते जा रहे हैं। लोग पश्चिमी संस्कृति को अपनाने में गर्व महसूस करते हैं और अपनी मूल परंपराओं को भूलते जा रहे हैं। यह एक गंभीर चिंता का विषय है क्योंकि हमारी सांस्कृतिक पहचान खतरे में पड़ रही है।
  1. भाव स्पष्ट कीजिए —

    1. "वृंदा के कुंजन ऊपर वारी"

      इस पंक्ति का भाव है कि कवि वृंदावन के कुंजों (बगीचों) पर अपना जीवन न्योछावर करने को तैयार है। यह कृष्ण की लीलाओं से जुड़े स्थानों के प्रति कवि के अगाध प्रेम को दर्शाता है।
    2. "या-खाकर कुछ पाएगा नहीं, न खाकर बनेगा हीरा"

      इस पंक्ति का भाव है कि यदि हम खाकर (भोग करके) कुछ नहीं पाएंगे, और यदि नहीं खाएंगे (त्याग करेंगे) तो हीरा (मूल्यवान) बन सकते हैं। यह त्याग और संयम के महत्व को दर्शाता है।